Sunday, December 14, 2014
तुम्हारे शहर का
मौसम बडा सुहाना लगे
मै एक शाम चुरा लू अगर बुरा ना लगे
तुम्हारे बस में है तो भूल जाओं मुझे
तुम्हे भूलाने में मुझे जमाना लगे
”
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