सुनो प्रिय
एक बार प्रिय तुम
आ जाना,
मधुर मिलन को आतुर है मन,
अधरों की मुस्कान
जगा जाना,
बंधन मन का आलिंगन हिय का,
प्रेम सुधा बरसा जाना,
एक बार प्रिय तुम आस
जगाने आ जाना,
बाट निहारु सदा तुम्हारी,
अपलक सजल नैनो से,
आंसू का एक मोती बनकर
प्रेम स्पर्श दे देना,
#शांडिल्य
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